कृषि उत्पादन आयुक्तः की अध्यक्षता में आयोजित हुई मण्डलीय रबी उत्पादकता गोष्ठी

कृषि उत्पादन आयुक्तः की अध्यक्षता में आयोजित हुई मण्डलीय रबी उत्पादकता गोष्ठी 
चित्र संख्या 01 व 02 तथा फोटो कैपशन
बहराइच 17 अक्टूबर। विगत वृहस्पतिवार को कृषि उत्पादन आयुक्त की अध्यक्षता में वीडियो कान्फ्रेन्सिंग के माध्यम से जिला सूचना विज्ञान केन्द्र बहराइच में मण्डलीय रबी उत्पादकता गोष्ठी आयोजित हुई। जिसमें अपर मुख्य सचिव कृषि उत्तर प्रदेश शासन, प्रमुख सचिव उद्यान, कृषि निदेशक उत्तर प्रदेश सहित राज्य स्तरीय अन्य अधिकारी मौजूद रहे। 
वीडियो कान्फ्रेन्सिंग के माध्यम से मण्डलीय रबी उत्पादकता गोष्ठी में जिलाधिकारी शम्भु कुमार ने जानकारी दी कि जनपद मेें मशरुम एवं मधुमक्खी पालन की अपार सम्भावनायें है। स्फूर्ति योजना के अन्तर्गत अधिक से अधिक किसानों को लाभान्वित करने की योजना है। श्री कुमार ने बताया कि जनपद में खाद बीज की उपलब्धता पर्याप्त मात्रा में करायी जा रही है। 
जिलाधिकारी ने यह भी बताया कि जनपद में अब तक पराली/फसल अपशिष्ट जलाने की 02 घटनायें घटित हुयी है। जिसके लिए सम्बन्धित दोषी 05 व्यक्तियों के विरुद्ध एफ.आई.आर. दर्ज करा दी गयी है। जनपद के समस्त तहसीलों में सचल दल:का गठन कर निगरानी कराई जा रही है। जनपद स्तर पर अपर जिलाधिकारी (वि./रा.) की अध्यक्षता में समिति गठित कर दी गयी है जो प्रतिदिन पराली जलाने की घटनाओं पर समीक्षा कर रही है। जनपद के समस्त कम्बाइन हार्वेस्टर मालिकों की बैठक बुलाकर उन्हें निर्धारित कृषि यंत्रों के साथ फसल कटाई के निर्देश दिये गये हैं। 
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी कविता मीना, जिला कृषि अधिकारी सतीश कुमार, जिला कृषि रक्षा अधिकारी आर.डी. वर्मा, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डाॅ. बलवन्त सिंह, जिला उद्यान  अधिकारी पारसनाथ, ए.आर. को-आपरेटिव, मत्स्य, रेशम, दुग्ध एवं सिचाई आदि विभागों के जनपद स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।
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ग्रीन जोन में परिवर्तित हुए 34 कन्टेनमेन्ट जोन
बहराइच 17 अक्टूबर। तहसील सदर बहराइच अन्तर्गत ग्राम हरिहरपुर रैकवारी, मो. चैतूपुरवा, ग्राम ताजपुर, थनाईपुरवा, मझौव्वा, किशुनपुर माफी, विष्णुपुरी कालोनी, बंगलाचक, मो. नव्वागढ़ी व मीराखेलपुरा, तहसील नानपारा के ग्राम भगतापुर गुलरिहा, विशनापुर बिजलीपुर व पण्डितपुरवा, तहसील कैसरगंज के ग्राम भेदियारी, ढोंगाही, कल्याण कोड़री, सिरौला, पण्डितपुरवा हैबतपुर, बेलहरी, खपुरवा, धर्मापुर, डिहवा शेर बहादुर सिंह, बेंदौरा व प्यारेपुर, तहसील महसी के ग्राम बसौना माफी, बन्जारी मोड़ व पूरे गंगा प्रसाद वंशपुरवा, तहसील मिहींपुरवा (मोतीपुर) के ग्राम कतर्निया, राजापुर, मटेहीकलाॅ व चिकनिया, तहसील पयागपुर के ग्राम अरकापुर, असनहवा ललितनगर व झाला तरहर में कोविड-19 के पीड़ित/संक्रमित व्यक्ति पाये जाने के फलस्वरूप घोषित किये गये हाट स्पाट/कन्टेनमेन्ट ज़ोन को मुख्य चिकित्साधिकारी बहराइच की संस्तुति के आधार पर शासन के प्राविधानानुसार 14 दिनों से इस क्षेत्र में कोई पाजिटिव कोविड-19 मरीज की पुष्टि न होने के कारण जिलाधिकारी ने हाट स्पाट/कन्टेनमेन्ट जोन को तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दिया है।
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जनपद के 03 अलग-अलग स्थान घोषित किये गये कन्टेनमेन्ट ज़ोन  
बहराइच 17 अक्टूबर। जनपद के तहसील बहराइच सदर अन्तर्गत ग्राम शान्तिनगर बेगमपुर, तहसील महसी के ग्राम रमपुरवा तथा तहसील नानपारा अन्तर्गत ग्राम बाबागंज नयी बाज़ार में 01-01 व्यक्ति के पीड़ित/संक्रमित पाये जाने के फलस्वरूप जिःःला मजिस्ट्रेट द्वारा सम्बन्धित क्षेत्र को कन्टेनमेन्ट ज़ोन घोषित करते हुए तत्काल प्रभाव से कोविड-19 के फैलाव को रोकने एवं बचाव व नियंत्रण किये जाने के उद्देश्य से सम्बन्धित क्षेत्रों तथा उसके आस-पास के क्षेत्र को निर्धारित प्रोटोकाल के अनुसार अग्रिम आदेश तक अस्थायी रूप से सील किये जाने एवं सम्पूर्ण क्षेत्र में प्रवेश एवं निकास तथा वाहनों के संचालन को अपरिहार्य स्थिति को छोड़कर प्रतिबन्धित किये जाने के आदेश जारी किये गये हैं।
उक्त अवधि में निर्धारित प्रोटोकाल के अनुसार सम्बन्धित ग्राम/मोहल्लों में रहने वाले समस्त व्यक्ति अपने-अपने घरों (इन्डोर) में ही रहेंगे। इस आदेश का उल्लंघन उपरोक्त अधिसूचना के प्रस्तर-15 में प्रदत्त व्यवस्था के अनुसार भा.द.सं. की धारा-188 के अधीन दण्डनीय अपराध माना जायेगा। गृह मंत्रालय भारत सरकार द्वारा जारी कन्सालीडेटेड गाईड लाइन्स के क्रम में मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश शासन के आदेश 16 अक्टूबर 2020 के रात्रि 8 बजे से अनुपालन में जिला मजिस्ट्रेट द्वारा कन्टेनमेन्ट ज़ोन के लिए नोडल अधिकारी/सहायक नोडल अधिकारी तथा नोडल पुलिस अधिकारी व सहायक नोडल पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गयी है। कोविड-19 के संक्रमण का एकल प्रकरण होने के फलस्वरूप शहरी/ग्रामीण क्षेत्र में किसी एक घर में उससे अधिक संक्रमण के प्रकरण पाये जाने पर अगल-बगल के अधिकतम एक-एक घर तक माइक्रो कन्टेनमेन्ट ज़ोन होगा। 
कन्टेनमेन्ट ज़ोन क्षेत्रों के अन्दर एवं बाहर किसी भी व्यक्ति, वाहन इत्यादि को आवागमन की अनुमति नहीं होगी, सिवाय ऐसी स्थिति के जो चिकित्सीय आपातकालीन स्थिति और आवश्यक वस्तुओं/सेवाओं की आपूर्ति से सम्बन्धित हों। कन्टेनमेन्ट ज़ोन में अन्तिम धनात्मक रोगी के सैम्पल कलेक्शन की तिथि से 14 दिनों तक सम्बन्धित क्षेत्र कन्टेनमेन्ट ज़ोन बना रहेगा। यदि उक्त तिथि के 14 दिन उपरान्त तक सम्बन्धित क्षेत्रों में कोई अन्य केस नहीं पाया जाता है तो कन्टेनमेन्ट ज़ोन को सूची से विमुक्त कर दिया जायेगा।
जिला मजिस्ट्रेट द्वारा नामित मजिट्रेटों/पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि कोविड-19 के फैलाव को रोकने एवं बचाव व नियंत्रण के दृष्टिगत कन्टेनमेन्ट ज़ोन की बैरीकेटिंग कराते हुए शासन द्वारा दिये गये निर्देशों के अनुरूप सुरक्षात्मक प्रोटोकाल एवं सोशल डिस्टेंसिंग का कड़ाई से अनुपालन कराना सुनिश्चित करेंगे। इस आदेश का उल्लंघन पाये जाने पर डिजास्टर मैनेजमेन्ट एक्ट, 2005 की धारा-51 से 60 तथा भारतीय दण्ड विधान की धारा-188 में दिये गये प्राविधानों के अन्तर्गत कार्यवाही की जायेगी।
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